ट्विंकल खन्ना : लॉकडाउन में यह सीख मिली कि हम अपने बच्चों को कैसे शिक्षित करते हैं

अभिनेत्री ट्विंकल खन्ना ने बताया कि लॉकडाउन में उन्होंने कई अहमियत वाली चीज़ें सिखी हैं.

कोरोना महामारी के चलते बॉलीवुड कलाकार घर से बाहर नहीं निकल पा रहे हैं. ऐसे समय वो सोशल मीडिया पर ज़्यादा एक्टिव हैं. कभी  ट्वीट के ज़रिए लोगों को संदेश देते हैं, तो कभी वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर शेयर करते हैं. सभी कलाकार इस समय घर पर अलग-अलग काम करके समय बीता रहे हैं.

बॉलीवुड अभिनेत्री, लेखिका और इंटीरियर डिजाइनर ट्विंकल खन्ना ने आईएएनएस को इंटरव्यू दिया. इसमें उन्होंने बताया कि लॉकडाउन में उन्होंने सबसे अहमियत वाली क्या चीज सीखा है. इस समय का किस तरह सही इस्तेमाल किया है.

ट्विंकल खन्ना का कहना है कि उनकी सबसे बड़ी लॉकडाउन सीख यह रही कि हम बच्चों को कैसे शिक्षित करते हैं. समय बदल गया है. पहले जैसी परिस्थिति नहीं है. अब माता-पिता को ख़ुद अपने बच्चों पर ध्यान देना होगा. अपने बच्चों को शिक्षित करने के लिए नए-नए तरीक़े अपनाने होंगे.

आगे कहा “अभी तक हम उन्हें केवल स्कूल भेजकर और उनके रिपोर्ट कार्ड को देखकर खुश होते थे. लेकिन अब जब हमारे पास यह मौका है कि हम वास्तव में एक बच्चे की व्यक्तिगत कमजोरियों और शक्तियों को देखें. उस पर काम करें और शायद एक अलग तरीके से सीखने की दिशा में भी काम करें.यह सब मेरे लिए काफी रहस्योद्घाटन करने वाला रहा है.”

आगे बताती हैं कि शिक्षा, इंसान को पूर्ण बनती है. मजबूत बताती हैं. जितना हो सके, उतना पढ़ना चाहिए. लिखना चाहिए. पढ़ने-लिखने से इंसान के अंदर सुधार होता है.

उन्होंने आगे बताया कि पढ़ाई का मतलब सिर्फ़ किताबें पढ़ना नहीं है. किताबों के साथ-साथ दूसरी चीज़ें भी सीखो. खाना बनाओ. चित्र बनाओ. आपको जो अच्छा लगे करो. जीवन का आनंद लो.

अभिनेत्री ट्विंकल खन्ना ने अपने इंस्टाग्राम पेज पर एक वीडियो शेयर किया है. इस वीडियो में ट्विंकल कढ़ाई करती नजर आईं.

उन्होंने उस वीडियो के नीचे कैप्शन में लिखा,

“मेरी नानी के घर में रहते हुए, हम सभी ने पेंट, सिलाई और बुनाई सीखी. मेरी नानी की आवाज अब भी मेरे कानों में गूंजती है. टीना, गंदा काम मत करो.”

बता दें ट्विंकल खन्ना एक दशक से अधिक समय तक कोहलर के साथ उसकी एंबेसडर के रूप में जुड़ी रही हैं. उन्होंने घर की डिजाइनिंग को लेकर भी अपने सुझाव दिए.

चर्चा के दौरान उन्होंने बताया कि जो लोग डिजाइन में रुचि रखते हैं, उनके पास हमेशा अद्भुत और सुंदर घर होते हैं. चाहे वो डिजाइनरों की मदद से ये काम करें या वो इसे खुद करें.

आगे कहती हैं “इस समय जब हम अपना पूरा समय अपने घर में रहकर बीता रहे हैं, तो हमारा ध्यान घर के अंदर की ओर ही रहता है. इस समय घर ही एकमात्र स्थान है जो हमारे पास है. इसके अलावा हमारे पास समय भी है. अपने घर को सजाएं और सुंदर बनाएं. हम उम्मीद करते हैं कि लोग अपने आसपास के माहौल में सुधार करेंगे.

इस इंटर्व्यू में उनसे पूछा गया कि उन्हें रंग कैसे प्रेरित करते हैं? इस पर उन्होंने कहा, “मैंने हमेशा रंगों के साथ बड़े पैमाने पर काम किया है. मुझे लगता है कि यह किसी भी स्थान को अच्छा और आमंत्रित महसूस कराने का एक बहुत जल्दी से अपनाया जा सकने वाला और आसान तरीका है.

आगे उन्होंने बताया कि शुरुआत में घर के सभी बाथरूम, अस्पताल की तरह बहुत सफेद हुआ करते थे. कोहलर उन ब्रांडों में से एक है जिसने ये तस्वीर बदल दी. उनके पास सुनहरे, काले और कई अद्भुत रंग थे. इससे बाथरूम में अचानक सकारात्मक बदलाव आया था.”

आगे कहती हैं कि हम सबको रंगों से प्रेम करना चाहिए. रंगों का इस्तेमाल करके आप अपने घर को सुंदर बनाएं.